कोडिंग न जानते हुए ऑनलाइन स्टोर कैसे लॉन्च करें — प्लेटफ़ॉर्म चुनना, उत्पाद जोड़ना, भुगतान व शिपिंग सेट करना, पेज डिज़ाइन करना और लॉन्च की मार्केटिंग।

प्लेटफ़ॉर्म चुनने या लोगो डिजाइन करने से पहले, स्पष्ट कर लें कि आपके लिए “सफलता” क्या दिखती है। एक सरल योजना समय बचाती है, निर्णय थकान कम करती है, और अनावश्यक फीचर्स बनाने से रोकती है।
अगले 30–60 दिनों के लिए एक प्राथमिक लक्ष्य चुनें:
अपने लक्ष्य को एक वाक्य में लिखें (उदाहरण: “मांग मान्य करने के लिए 30 दिनों में 30 यूनिट बेचें”)। यह हर निर्णय के लिए आपका फ़िल्टर बन जाएगा।
उस श्रेणी को चुनें जो आपके समय और आराम स्तर से मेल खाती हो:
अगर आप अनिश्चित हैं, तो आज के लिए सबसे कम चलती-भाग वाला विकल्प चुनकर शुरू करें।
आपको 20-पृष्ठ का पर्सोना नहीं चाहिए। चार बेसिक्स पकड़ लें:
यह उत्पाद चयन, प्राइसिंग और आपके होमपेज मैसेज को मार्गदर्शित करेगा।
ऐसी समयरेखा चुनें जिसे आप निभा सकें—7 दिन तेज़ टेस्ट के लिए, या 30 दिन एक अधिक पॉलिश्ड लॉन्च के लिए।
फिर अपनी सप्ताह योजना छोटे-छोटे कार्यों में बाँटें (उदाहरण):
साधारण रखें: निरंतरता जटिलता से बेहतर है।
एक निच मूल रूप से आपके स्टोर का “कौन और क्या” है: किसे आप बेच रहे हैं और आप उन्हें क्या बेच रहे हैं। लक्ष्य परफेक्ट आइडिया ढूँढना नहीं है—बल्कि ऐसा आइडिया मिलाना है जिसे आप जल्दी वैलिडेट कर सकें, इससे पहले कि आप हफ्तों तक कुछ बनाएँ।
ऐसे आइडिया से शुरुआत करें जो आपकी रुचियों और उपलब्ध उत्पादों से मेल खाते हों। अगर आप हर हफ़्ते उन उत्पादों के बारे में बात करने की कल्पना नहीं कर सकते, तो मार्केटिंग आपके लिए बोझ जैसा लगेगा।
अच्छे आइडिया स्रोत:
बिना कोडिंग के ईकॉमर्स शुरू करने के लिए आपको भारी टूल्स की ज़रूरत नहीं—बस ऐसे संकेत चाहिए जो बताएं लोग पहले से खोज और खरीद रहे हैं।
त्वरित चेक्स का इस्तेमाल करें:
अगर आप लगभग कोई सर्च सुझाव नहीं पाते, कोई सक्रिय लिस्टिंग नहीं मिलती, और कोई बातचीत नहीं है, तो इसे चेतावनी समझें।
5–10 प्रतियोगी स्टोर्स चुनें और एक सरल स्नैपशॉट लें:
आपका अलगाव छोटा पर स्पष्ट हो सकता है: क्यूरेटेड निच फोकस, बेहतर बंडल, मज़बूत कहानी, बेहतर गुणवत्ता, या शुरुआती लोगों के लिए साफ़ मार्गदर्शन।
अगर आप अपना अंतर एक वाक्य में बता सकते हैं, तो आप प्लेटफ़ॉर्म चुनने और आगे बढ़ने के लिए तैयार हैं।
आप जो प्लेटफ़ॉर्म चुनते हैं वह तय करेगा आप कितनी जल्दी लॉन्च कर सकते हैं, कितना नियंत्रण होगा, और आप हर महीने कितना भुगतान करेंगे। नॉन-टेक्निकल फाउंडर्स के लिए लक्ष्य सरल है: जल्दी एक साफ़ स्टोर लाइव करना, और मोबाइल पर चेकआउट बिना किसी रुकावट के काम करना।
होस्टेड ईकॉमर्स प्लेटफ़ॉर्म (जैसे Shopify, Wix, Squarespace, BigCommerce) आपको टेम्पलेट के साथ अपना स्टोर बनाने देते हैं। ब्रांडिंग, ईमेल कैप्चर और कस्टमर एक्सपीरियंस पर आपको ज़्यादा नियंत्रण मिलता है, पर आप मासिक फ़ीस देंगे (साथ में पेमेंट प्रोसेसिंग)।
मार्केटप्लेस (जैसे Etsy, Amazon) आपको बिल्ट-इन ट्रैफ़िक और भरोसा देते हैं। सेटअप तेज़ है, पर आपको कम नियंत्रण मिलेगा (स्टोरफ्रंट नियम, सीमित ब्रांडिंग, सीमित कस्टमर डेटा) और अक्सर प्रति-बिक्री फ़ीस ज़्यादा होती है।
एक व्यावहारिक तरीका: अगर आप ब्रांड और रेपीट कस्टमर बनाना चाहते हैं तो होस्टेड प्लेटफ़ॉर्म से शुरू करें; अगर आपको तेज़ डिमांड प्रूफ चाहिए तो मार्केटप्लेस से शुरू करें—फिर बाद में अपने स्टोर पर विस्तार करें।
उन अनिवार्य बातों पर ध्यान दें जो बाद में सिरदर्द नहीं बनेंगी:
ऐप्स या हाईयर टियर के लिए भुगतान करने से पहले, सुनिश्चित करें ये बेसिक्स शामिल हैं:
अगर कोई प्लेटफ़ॉर्म ये साफ़ तरह से नहीं कर सकता, तो बाद में वह आपको धीमा कर देगा।
कमीट करने से पहले इस त्वरित फ़िल्टर का उपयोग करें:
जो सबसे सरल विकल्प इस चेकलिस्ट से पास होता है, उसे चुनें। आपका पहला लॉन्च हर फीचर की ज़रूरत नहीं रखता—सिर्फ़ एक विश्वसनीय फ़ाउंडेशन चाहिए जिसे आपको अगले महीने फिर से न बनाना पड़े।
अधिकांश फाउंडर्स को (और करना चाहिए) होस्टेड प्लेटफ़ॉर्म से शुरू करना चाहिए। लेकिन अगर बाद में आपको कस्टम फ़्लो चाहिए—जैसे यूनिक प्रोडक्ट बिल्डर, विशेष सब्सक्रिप्शन लॉजिक, या आपके ऑपरेशन्स के लिए बैक-ऑफिस टूल—तो आपको तुरंत फ़ुल-डेव टीम किराए पर लेने की आवश्यकता नहीं है।
Koder.ai जैसे प्लेटफ़ॉर्म (vibe-coding, चैट-आधारित ऐप बिल्डर) हल्के वेब ऐप्स, इंटरनल डैशबोर्ड या कस्टम कस्टमर एक्सपीरियंस जल्दी बनाने में मदद कर सकते हैं, प्लानिंग मोड, स्नैपशॉट/रोलबैक, डिप्लॉयमेंट/होस्टिंग, और सोर्स कोड एक्सपोर्ट जैसी ऑप्शंस के साथ जब आप पूर्ण स्वामित्व चाहते हैं।
आपका ब्रांड शानदार होने की ज़रूरत नहीं है—यह स्पष्ट, सुसंगत और आसानी से पहचानने योग्य होना चाहिए। यहाँ कुछ स्मार्ट चुनाव हैं जो आपके स्टोर के हर पेज को अधिक भरोसेमंद दिखाएँगे, भले ही आप टेम्पलेट उपयोग कर रहे हों।
एक अच्छा स्टोर नाम वह है जिसे ग्राहक एक बार सुनकर बोल सकें और बाद में सही टाइप कर सकें।
तेज़ जाँच: एक दोस्त से एक बार कहें, फिर पूछें कि क्या वे उसे टेक्स्ट कर सकते हैं। अगर वे गलत स्पेल करते हैं, तो सरल बनाइए।
आपका डोमेन आपका होम बेस है। संभव हो तो छोटा .com लक्ष्य रखें, पर “परफेक्ट” नाम के लिए ज्यादा पैसे न दें—साफ़ होना चतुरता है।
यदि आपका सही नाम लिया हो चुका है, तो हाइफ़न या अजीब स्पेलिंग से बचें; “shop” या “store” जैसा साधारण मॉडिफायर आम तौर पर साफ़ दिखता है।
आपको कुछ दोहराने योग्य एलिमेंट्स चाहिए ताकि पेशेवर दिखे:
एक टेम्पलेट-आधारित लोगो टूल का उपयोग करें (या टेक्स्ट-आधारित लोगो) और 2 मुख्य रंग + 1 न्यूट्रल (ब्लैक/व्हाइट/ग्रे) चुनें। फिर एक पठनीय फ़ॉन्ट हेडिंग के लिए और एक बॉडी के लिए चुनें—कई प्लेटफ़ॉर्म सुरक्षित डिफ़ॉल्ट्स प्रदान करते हैं।
यह वाक्य विज़िटर को 3 सेकेंड में समझा देना चाहिए: आप क्या बेचते हैं, किसके लिए और क्यों बेहतर है।
उधार लेने के लिए फ़ॉर्मूला:
“[स्टोर का नाम] मदद करता/करती है [विशिष्ट ग्राहक] को [विशिष्ट लाभ] प्राप्त करने में [उत्पाद श्रेणी] के साथ, बिना [सामान्य परेशानी] के।”
उदाहरण: “Oak & Knot मदद करता है छोटे-अपार्टमेंट किरायेदारों को वॉल शेल्फ़ के साथ गर्मी और स्टाइल जोड़ने में, बिना जटिल इंस्टॉलेशन के।”
एक बार जब आपके पास नाम, डोमेन और एक साधारण स्टाइल किट हो, तो आप पेज तेज़ी से बना पाएँगे और अपने स्टोर व सोशल प्रोफाइल्स पर सब कुछ सुसंगत रख पाएँगे।
प्रोडक्ट सोर्सिंग कई बार नए फाउंडर्स को रोक देता है—नोटिस यह नहीं कि यह कठिन है, बल्कि कि विकल्प बहुत ज़्यादा हैं। ट्रिक यह है कि एक सरल मॉडल चुनें, छोटे से शुरू करें, और स्केल करने से पहले गुणवत्ता वैलिडेट करें।
आपके पास चार शुरुआती-फ़्रेंडली रास्ते हैं:
अगर आप अनिश्चित हैं, तो POD अक्सर सबसे सरल तरीका है बिना कैश स्टॉक में बांधे मांग टेस्ट करने का।
शुरू करें 5–20 प्रोडक्ट्स से। एक संकुचित चयन फोटोग्राफ़ करना, वर्णन, प्राइस करना और सपोर्ट करना आसान बनाता है—और यह ग्राहकों को तेज़ी से निर्णय लेने में मदद करता है।
सरल संरचना अच्छी तरह काम करती है:
कीमत तय करने से पहले गणना करें:
यह आम गलती रोकता है कि बिक्री तो आती है पर आप पैसे खो देते हैं।
हमेशा सैंपल ऑर्डर करें ताकि आप गुणवत्ता, साइजिंग, सामग्री और रंग सटीकता की पुष्टि कर सकें—और यह देख सकें कि उत्पाद असल फोटो में कैसे दिखता है। अगर शिपिंग धीमी है या पैकेजिंग क्षतिग्रस्त आती है, तो इसे चेतावनी मानें ताकि ग्राहक इसे अनुभव करने से पहले आप रोक सकें।
यह आपके स्टोर की “ट्रस्ट” परत है। ग्राहक आपके उत्पाद पसंद कर सकते हैं, पर अगर चेकआउट जोखिम भरा लगे, शिपिंग अस्पष्ट हो, या रिटर्न लड़ाई जैसा लगे तो वे नहीं खरीदेंगे।
सबसे पहले उन भुगतान तरीकों के साथ शुरू करें जो आपके ग्राहकों की उम्मीद हों:
पहले सरल रखें: एक प्रमुख पेमेंट प्रोवाइडर अक्सर काफी होता है।
एक असली टेस्ट खरीद करें (भले ही आप उसे रिफंड कर दें) ताकि पूरा फ़्लो जांचें: cart → checkout → confirmation email।
इन स्टार्ट विकल्पों में से एक चुनें और उसे चेकआउट व शिपिंग पेज पर स्पष्ट रूप से लिखें:
सरप्राइज़ से बचें: अनुमानित डिलीवरी समय दिखाएँ और प्रोसेसिंग समय बताएं (उदाहरण: “1–2 बिजनेस दिनों में शिप होता है”)।
एक समर्पित Returns & Exchanges पेज बनाएं जिसमें:
इसे फ़ूटर और चेकआउट में लिंक करें।
टैक्स नियम आपके और आपके ग्राहकों के स्थान पर निर्भर करते हैं। बेसलाइन के रूप में अपने क्षेत्र के लिए स्टोर के टैक्स सेटिंग्स सेट करें और खर्चों के रसीद सुरक्षित रखें।
अगर आप राज्यों/देशों में बेच रहे हैं, या आपकी बिक्री तेज़ी से बढ़ रही है, तो टैक्स प्रोफेशनल से सलाह लेना समझदारी है—खासकर थ्रेशोल्ड्स, VAT/GST, और फाइलिंग्स के बारे में।
टेम्पलेट्स आपके बिना कोड छुए भी एक पेशेवर दिखने वाले स्टोर का शॉर्टकट हैं। लक्ष्य पहले दिन अद्वितीय दिखना नहीं है—बल्कि स्पष्ट, तेज़ और खरीदने में आसान होना है।
एक टेम्पलेट चुनें जो ईकॉमर्स के लिए बनाया गया हो (सामान्य बिज़नेस साइट नहीं) और अपनी नेविगेशन को संकुचित रखें। शुरुआती-अनुकूल संरचना आमतौर पर पर्याप्त होती है:
“बस-किंतु-मामले” के लिए अतिरिक्त मेनू आइटम न जोड़ें। हर अतिरिक्त क्लिक ग्राहक खोने का मौका है।
एक छोटा स्टोर भी कुछ “कन्फिडेंस पेज” चाहिए। अधिकतर टेम्पलेट्स इन्हें मिनटों में जोड़ने देते हैं:
आपको बैज का ढेर नहीं चाहिए। निर्णय के बिंदुओं पर भरोसा बढ़ाने वाली चीज़ें जोड़ें:
अधिकांश शॉपिंग मोबाइल पर होती है। हर कोर पेज मोबाइल पर प्रीव्यू करें और जाँचें:
अगर कुछ भी अजीब लगे तो उसे सरल बनाएं—टेम्पलेट्स लचीले होते हैं, पर सरलता बिकती है।
एक प्रोडक्ट पेज का एक ही काम है: किसी को “हाँ” कहने का निर्णय बिना जानकारी खोजे करने में मदद करना। आपको फ़ैंसी डिज़ाइन की ज़रूरत नहीं—बस स्पष्टता, सुसंगति, और कुछ आदतें जो आप हर आइटम के लिए दोहरा सकें।
एक सुसंगत फ़ॉर्मेट इस्तेमाल करें जिसमें वह मुख्य विवरण शामिल हों जो खरीदारों को ज़रूरी लगते हैं। इससे आपकी दुकान व्यवस्थित लगेगी और दुकान के अंदर सर्च में भी सुधार होगा।
उदाहरण पैटर्न:
Product Name – Material – Size/Capacity – Best Use
तो “Everyday Bottle” के बजाय लिखें “Everyday Water Bottle – Stainless Steel – 750 ml – Gym & Travel.”
ग्राहक को मिलने वाले नतीजे (आउटकम) के साथ शुरू करें, फिर विवरण दें। एक सरल संरचना:
अगर आप निश्चित नहीं हैं कि क्या शामिल करना है, तो समान उत्पादों के रिव्यू में पूछे गए प्रश्न देखें—फिर उन्हें सीधे अपने पेज पर उत्तर दें।
एक छोटा सेट इमेज का लक्ष्य रखें जो संदेह दूर करें:
लाइटिंग साफ़ और सुसंगत रखें ताकि प्रोडक्ट्स एक साथ हों।
अगर आप साइज़ या रंग बेचते हैं, तो उन्हें वैरिएंट्स के रूप में सेट करें (अलगे प्रोडक्ट्स के रूप में नहीं) ताकि खरीदार पेज छोड़े बिना ऑप्शन्स बदल सकें।
प्रकाशन से पहले डबल-चेक करें:
एक स्पष्ट प्रोडक्ट पेज सपोर्ट रिक्वेस्ट्स घटाता है और रूपांतरण बढ़ाता है—बिना किसी तकनीकी पेचीदگی के।
आपको प्रोफेशनल स्टोर चलाने के लिए बड़े टेक स्टैक की ज़रूरत नहीं है। तीन बेसिक्स से शुरू करें—ईमेल, एनालिटिक्स, और कस्टमर सपोर्ट—ताकि आप खरीदारों के साथ फ़ॉलो-अप कर सकें, यह माप सकें कि क्या काम कर रहा है, और प्रश्न जल्दी हल कर सकें।
एक सरल साइनअप इंसेंटिव के साथ अपनी पहली ईमेल लिस्ट बनाएं। इसे देना आसान और वास्तव में उपयोगी रखें:
साइनअप दो जगह रखें: एक छोटा हेडर बार (“10% छूट पाएं”) और एक साधारण एग्ज़िट-इंटेंट पॉपअप। फ़ॉर्म्स ज़्यादा न करें—एक स्पष्ट ऑफर काफी है।
लॉन्च से पहले दो बेसिक ऑटोमेशंस सेट करें:
अधिकांश ईकॉमर्स ईमेल टूल्स ये टेम्पलेट्स देते हैं—टेक्स्ट एडिट करें और तैयार।
एनालिटिक्स इंस्टॉल करें (आपके प्लेटफ़ॉर्म का बिल्ट-इन डैशबोर्ड शुरुआत के लिए ठीक है)। सिर्फ़ ये ट्रैक करें:
साप्ताहिक जाँच करें, न कि घंटाघर-घंटा। आप ट्रेंड्स देख रहे हैं, परफ़ेक्शन नहीं।
एक समर्पित सपोर्ट ईमेल बनाएं ([email protected]) और शिपिंग टाइम्स, रिटर्न, ऑर्डर चेंज, और “मेरा ऑर्डर कहाँ है?” के लिए सेव्ड रिप्लाइज सेट करें। अपनी साइट पर एक छोटा FAQ जोड़ें ताकि ग्राहक स्व-सर्व कर सकें—और आप सेलिंग पर ध्यान दे सकें।
प्री-लॉन्च मार्केटिंग वायरल होने के बारे में नहीं है—यह लगातार दिखने के बारे में है ताकि आपके पहले ग्राहक अजनबी न हों। एक छोटा, स्पष्ट प्लान बनाएं जिसे आप एक हफ्ते में कर सकें।
एक मिनी “कंटेंट पैक” बनाएं जिसे आप पहले से शेड्यूल कर सकें:
अगर आपकी ईमेल लिस्ट नहीं है तो होमपेज पर साइनअप फॉर्म डालें और एक छोटा इंसेंटिव ऑफ़र करें (अर्ली एक्सेस, डिस्काउंट, या बोनस गाइड)।
एक ऐसा ऑफर चुनें जो समझने में आसान और पूरे करने में आसान हो:
सुनिश्चित करें कि ऑफर प्रोडक्ट कॉस्ट, पैकेजिंग और शिपिंग के बाद भी मुनाफा छोड़ता है।
उन जगहों की सूची बनाएं जहाँ आप यथार्थ में पोस्ट कर सकते हैं और एंगेज कर सकते हैं:
प्रकाशित करने से पहले जाँच करें:
ये छोटे कदम आपको खोज के माध्यम से जल्दी मिलने में मदद करते हैं।
एक प्री-लॉन्च टेस्ट उन छोटी समस्याओं को पकड़ने का मौका है जो चुपके से भरोसा मार डालती हैं—ब्रोकन लिंक, भ्रमित शिपिंग, मिसिंग ईमेल, या चेकआउट जो “अजीब” लगता है। 60–90 मिनट अलग रखें, खुद को प्रथम बार खरीदार समझकर एंड-टू-एंड जाएँ।
कम से कम दो टेस्ट खरीदें:
पक्का करें आप एक ऑर्डर पूरा कर सकते हैं, और फिर निम्न को वेरिफ़ाई करें:
अपने स्टोर को इनकॉगनिटो विंडो में खोलें और हर मेनू आइटम व फ़ूटर लिंक पर क्लिक करें।
जाँचें:
अधिकांश ग्राहक पहले फोन पर ही आपके स्टोर को देखेंगे। अपने फोन और यदि संभव हो तो किसी अन्य डिवाइस पर मुख्य पेज देखें।
एक छोटा “लॉन्च स्क्रिप्ट” लिखें जिसे आप उत्साहित और विचलित होते समय भी फॉलो कर सकें:
एक शांत, टेस्टेड लॉन्च जल्दबाज़ी से बेहतर होता है—भले ही आप एक दिन बाद लॉन्च करें।
आपका पहला लॉन्च एक आरंभिक लाइन है, फिनिश नहीं। पहले कुछ हफ्तों का लक्ष्य यह सीखना है कि क्या काम कर रहा है, क्या भ्रमित कर रहा है, और उसके बाद ही ज्यादा समय (या पैसा) खर्च करके स्केल करना।
लोग क्यों कार्ट छोड़ते हैं—अनुमान न लगाएँ—पूछें। नए ग्राहकों को एक छोटा ईमेल भेजें, पोस्ट‑परचेज सर्वे जोड़ें, या कुछ खरीदारों को सीधे मैसेज करें।
तेज़ जीतों पर ध्यान दें:
सामान्य “टॉप 3” मुद्दे: अस्पष्ट साइजिंग, देर से सामने आने वाले शिपिंग खर्च, बड़े इमेज के कारण धीमी पेज लोडिंग, या प्रोडक्ट फोटो जो मुख्य विवरण नहीं दिखाते।
छोटी सुधारें अक्सर बड़े रिडिज़ाइन्स से बेहतर होती हैं। उन बदलावों को प्राथमिकता दें जो अनिश्चय घटाएँ और स्टोर को खरीदने में आसान बनाएँ:
एक अच्छा नियम: प्रोडक्ट पेज पर शिपिंग/रिटर्न्स दिखाएँ, असली-ज़िंदगी फोटो दिखाएँ (सिर्फ़ स्टूडियो शॉट नहीं), और होमपेज की पहली सेक्शन को दोबारा लिखें ताकि यह जल्दी जवाब दे “यह क्या है?” और “यह किसके लिए है?”
फौरन विज्ञापन ऑन करना आकर्षक है, पर विज्ञापन वही बढ़ाते हैं जो पहले से सही या गलत है।
एक बार जब आपके पास स्पष्ट विजेता हो, तो उसी प्रोडक्ट के लिए एक सरल कैंपेन बनाएं, सबसे अच्छा फ़ोटो और छोटा, डायरेक्ट ऑफर इस्तेमाल करें। परिणाम स्थिर होने तक बजट छोटे रखें।
साप्ताहिक चेक‑इन आपको बिना ओवरव्हेल्म के आगे बढ़ाता है:
कुछ मीट्रिक्स ट्रैक करें (टॉप प्रोडक्ट्स, कन्वर्ज़न रेट, रिफंड कारण) और अगले हफ्ते के लिए एक सुधार चुनें। वृद्धि आम तौर पर उस चक्र को दोहराने से आती है: सुनो, ठीक करो, परिष्कृत करो, फिर प्रमोट करो।
अगले 30–60 दिनों के लिए एक मापनीय लक्ष्य चुनें (उदाहरण: “30 दिनों में 30 यूनिट बेचकर मांग मान्य करना”)। यह लक्ष्य हर निर्णय—प्लेटफ़ॉर्म, उत्पाद, मार्केटिंग, और समय/पैसे के निवेश—के लिए फ़िल्टर का काम करेगा।
अब के लिए उन विकल्पों में से चुनें जिनमें कम से कम चलती भाग हों:
प्रति आइडिया एक घंटा से भी कम में तेज़ मांग चेक करें:
अगर आप कोई खोज नहीं पाते, कोई लिस्टिंग नहीं दिखती और बातचीत भी नहीं है, तो इसे एक कमजोर संकेत समझें और आगे बढ़ें।
5–10 प्रतियोगी स्टोर्स का अध्ययन करें और नोट करें:
फिर एक वाक्य में अपना फर्क बताएं (उदाहरण: “बेहतर बंडल”, “शुरुआत करने वालों के लिए स्पष्ट गाइड”, “तेज़ शिपिंग”, “ज़्यादा संकुचित निचे फोकस”)।
अगर आप ब्रांडिंग, ईमेल कैप्चर और दोबारा खरीद चाहते हैं तो होस्टेड प्लेटफ़ॉर्म से शुरू करें।
अगर आपको जल्दी डिमांड प्रूफ चाहिए और बिल्ट-इन ट्रैफिक/ट्रस्ट चाहिए तो मार्केटप्लेस (Etsy/Amazon) से शुरू करें।
व्यावहारिक रास्ता: मार्केटप्लेस पर वैलिडेट करें, फिर जीतने वाले प्रोडक्ट को अपनी खुद की साइट पर ले आएँ।
लॉन्च के बिना-कोड के लिए सबसे ज़रूरी (बोरिंग लेकिन जरूरी) चीज़ें:
सरल रखें:
कंसिस्टेंसी जटिलता से बेहतर है—टेम्पलेट्स आपके बेसिक्स Tight होने पर ज़्यादा “कस्टम” दिखते हैं।
छोटे से शुरू करें—5–20 प्रोडक्ट्स पर्याप्त हैं। लक्ष्य:
छोटा कैटलॉग फ़ोटोग्राफ़ी, विवरण, प्राइसिंग और सपोर्ट के लिए आसान होता है और ग्राहकों को निर्णय लेने में मदद करता है।
प्राइस सेट करने से पहले वास्तविक लागत गिनें:
फिर चेक करें कि आपका लॉन्च ऑफर (डिस्काउंट या मुफ्त-शिपिंग) इन खर्चों के बाद भी लाभ छोड़ता है।
कम से कम दो टेस्ट ऑर्डर चलाएँ:
पूरा फ़्लो वेरिफ़ाई करें: चेकआउट टोटल्स, कन्फर्मेशन पेज, कन्फर्मेशन ईमेल, एडमिन में ऑर्डर दिखना, शिपिंग लेबल वर्कफ़्लो, ट्रैकिंग ईमेल, और पॉलिसीज/पेजेज में कहीं भी प्लेसहोल्डर नहीं होना चाहिए।